उत्तराखंड विधानसभा चुनाव 2027 की आहट के साथ ही प्रदेश की सियासत में दल-बदल का खेल तेज हो गया है। शनिवार को राजधानी देहरादून स्थित भाजपा प्रदेश मुख्यालय में कांग्रेस को उस वक्त करारा झटका लगा, जब पार्टी के कई दिग्गज नेताओं ने अपने समर्थकों के साथ भाजपा का दामन थाम लिया। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट की मौजूदगी में आयोजित भव्य सदस्यता कार्यक्रम में कांग्रेस के कई रणनीतिकार और पूर्व प्रत्याशियों ने 'कमल' का हाथ थाम लिया।
भाजपा में शामिल होने वाले प्रमुख चेहरों में रुद्रपुर की कद्दावर नेता और महिला कांग्रेस की वरिष्ठ उपाध्यक्ष मीना शर्मा शामिल हैं। मीना शर्मा न केवल रुद्रपुर नगर पालिका की पूर्व चेयरमैन रही हैं, बल्कि 2022 के विधानसभा चुनाव में विधायक प्रत्याशी भी रह चुकी हैं। उनके साथ ही कांग्रेस की पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष लक्ष्मी राणा और घनसाली से पूर्व विधायक प्रत्याशी दर्शन लाल आर्य ने भी भाजपा की सदस्यता ग्रहण की। इन नेताओं के साथ सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने भी भाजपा की रीति-नीति पर विश्वास जताया। सदस्यता अभियान को लेकर भाजपा मुख्यालय में विशेष तैयारियां की गई थीं। सुबह से ही पार्टी दफ्तर में भारी गहमागहमी और कार्यकर्ताओं का उत्साह देखने को मिला। प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने पार्टी में शामिल होने वाले सभी नेताओं को भगवा पटका पहनाया और फूल-मालाओं से उनका स्वागत किया। इस मौके पर भाजपा अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि आज प्रदेश में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और केंद्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकास कार्यों से प्रभावित होकर जनप्रतिनिधि भाजपा से जुड़ रहे हैं। भट्ट ने दावा किया कि, "कांग्रेस जनता को गुमराह करने का काम करती है, जिसका खामियाजा उसे भुगतना पड़ रहा है। हमारे पास कांग्रेस के उन नेताओं की लंबी लिस्ट है जो भाजपा में शामिल होना चाहते हैं। जल्द ही एक और बड़ा कुनबा भाजपा परिवार का हिस्सा बनेगा। महेंद्र भट्ट ने स्पष्ट किया कि भाजपा सरकार और संगठन के कामों को लेकर जनता के बीच जा रही है। उन्होंने आत्मविश्वास के साथ कहा कि आगामी 2027 के चुनाव में कांग्रेस को फिर से मुंह की खानी पड़ेगी और भाजपा प्रचंड बहुमत के साथ राज्य में तीसरी बार सरकार बनाकर इतिहास रचेगी। राजनीतिक गलियारों में इस सेंधमारी को कांग्रेस के लिए एक बड़े संगठनात्मक संकट के रूप में देखा जा रहा है।